मरने के लिए सात मिनट - गिग इकोनॉमी के टूटते शरीर
हैदराबाद ( तेलंगाना ), फरवरी 16 : Orchestro.AI , के संस्थापक और CEO शेखर नटराजन इस लेख में बताते हैं कि कैसे एल्गोरिदम ने गिग इकोनॉमी को प्रभावित किया है। एल्गोरिद्म ने मोहम्मद रिज़वान को सात मिनट दिए। भारत के अत्यधिक प्रतिस्पर्धी फूड डिलीवरी बाज़ार में क्विक - कॉमर्स ऑर्डर के लिए यही मानक समय है —

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हैदराबाद (तेलंगाना), फरवरी 16 : Orchestro.AI,केसंस्थापकऔर CEO शेखरनटराजनइसलेखमेंबतातेहैंकिकैसेएल्गोरिदमनेगिगइकोनॉमीकोप्रभावितकियाहै। एल्गोरिद्मनेमोहम्मदरिज़वानकोसातमिनटदिए। भारतकेअत्यधिकप्रतिस्पर्धीफूडडिलीवरीबाज़ारमेंक्विक-कॉमर्सऑर्डरकेलिएयहीमानकसमयहै — ग्राहकके “ऑर्डर” क्लिककरनेसेलेकरखानादरवाज़ेतकपहुंचनेतकसिर्फसातमिनट।इनसातमिनटोंमेंऑर्डरउठाना, ट्रैफिकसेगुजरना, पताढूंढनाऔरसीढ़ियांचढ़नाशामिलहै। रिज़वानकोउसदिनकामपरहोनाभीनहींथा।उनकेभाईखाजा, जिनके Swiggy अकाउंटपरडिलीवरीरजिस्टर्डथी, बुखारसेबीमारथे।लेकिनएल्गोरिद्मकोबुखारसेकोईमतलबनहीं।उसेकिसीचीज़सेमतलबनहीं, सिवायकाउंटडाउनके। “हममेहनतकशलोगहैं,” खाजानेबादमेंकहा। “अगरहमकमाईनहींकरेंगेतोकिरायाऔरखानाकैसेदेंगे?” इसलिए 10 जनवरी 2023 कोरिज़वाननेअपनेभाईकेअकाउंटसेलॉग-इनकिया।उन्होंनेएकफूडऑर्डरउठायाऔरहैदराबादकेएकउच्च-मध्यमवर्गीयइलाकेकीओरनिकलपड़े।इमारतकामुख्यदरवाज़ाखुलाथा।घरकाएककुत्ताउनपरझपटा। हमलेसेबचनेकीकोशिशमेंरिज़वानतीसरीमंज़िलकीबालकनीसेगिरगए। उनकेभाईकोरात 2 बजे — चारघंटेबाद — इसकीसूचनामिली।ग्राहकउन्हेंअस्पताललेगयाथाऔरवहींछोड़करचलागया।इलाजकेलिएपैसेजुटानेमेंदेरहुईऔरइलाजसुबह 4 बजेशुरूहोपाया। तीनदिनबाद, रिज़वानकीमौतहोगई। स्विगीकाआधिकारिकबयानसटीकऔरदूरीबनाएहुएथा: 10 मिनटकावादा भारतकीक्विक-कॉमर्सप्रतिस्पर्धामेंगतिहीएकमात्रमापदंडहै। Blinkit, Zepto औरस्विगीइंस्टामार्टने “10 मिनटडिलीवरी” कोअपनीपहचानबनाया।ग्राहकइसकीअपेक्षाकरनेलगे — औरकामगारइससेडरनेलगे। लेकिन 10 मिनटएकमार्केटिंगभ्रमहै।वास्तविकताकहींअधिककठोरहै। एकब्लिंकिटडिलीवरीपार्टनरनेबताया: मोहम्मदनुमान, 30, मुंबई, स्विगीकेलिएरोज़ 16 घंटेकामकरतेहैं, 35–40 ऑर्डरपूरेकरतेहैं।ईंधनऔरखर्चकेबादघरलगभग 700 रुपये — करीब 8 डॉलर — लेजातेहैं। एकअन्यडिलीवरीपार्टनर: पहलेकंपनियांपेट्रोलऔरवाहनखर्चकीदैनिकभरपाईकरतीथीं।अबभुगतानसाप्ताहिकहोताहै, औरउसमेंभीकटौतीकेबहानेमिलजातेहैं। ब्लिंकिटनेप्रतिडिलीवरीन्यूनतमभुगतान 25 रुपयेसेघटाकर 15 रुपयेकरदिया — जोपिछलेवर्ष 50 रुपयेथा।दैनिकआय 1,200 रुपयेसेघटकर 600–700 रुपयेरहगई। मौतोंकीगिनती आदिलअहमदताहेर, 24, हैदराबाद: 28 जुलाई 2022 कोस्विगीडिलीवरीपूरीकरनेकीजल्दीमेंट्रैक्टरकीटक्करसेमौत।पीछेपत्नीऔरदोमहीनेकीबेटीछोड़गए। सुनीलकुमार, इंदौर: रात 10:30 बजेडिलीवरीकेबादलूटऔरचाकूबाजीकाशिकार। एक Zomato कर्मचारी, अगस्त 2024: सड़कदुर्घटनामेंमौत।कंपनीनेपरिवारकेलिएकुछनहींकिया। प्रियंकादेवी, जनवरी 2023: Uber ड्राइवर।हमलेमेंघायल।कंपनीनेइमरजेंसीबटननदबानेकेलिएउन्हेंदोषीठहराया। एक Flipkart डिलीवरीएजेंट, फरवरी 2023: आईफोनचोरीकेप्रयासमेंग्राहकद्वाराचाकूसेहमला। किसीभीप्लेटफॉर्मकंपनीनेनौकरीकेदौरानहुईमौतोंकाआधिकारिकडेटासार्वजनिकनहींकिया।वास्तविकसंख्याअज्ञातहै — औरशायदजानबूझकरअज्ञातरखीगईहै। दिसंबरकाविद्रोह क्रिसमसडे 2025 परअभूतपूर्वघटनाहुई। भारतमें 2 से 3 लाखगिगवर्कर्सहड़तालपरचलेगए — डिजिटलअर्थव्यवस्थाकेइतिहासकीसबसेबड़ीश्रमिककार्रवाई।उन्होंनेसालकेसबसेव्यस्तदिनोंमेंकामबंदकिया। यहहड़ताल Indian Federation of App-Based Transport Workers (IFAT) और Telangana Gig and Platform Workers Union (TGPWU) नेआयोजितकी। मांगेंस्पष्टथीं: • पारदर्शीऔरन्यायसंगतवेतनसंरचना TGPWU केसंस्थापकअध्यक्षशेखसलाुद्दीननेकहा: जनवरी 2026 मेंकेंद्रीयश्रममंत्री Mansukh Mandaviya नेप्लेटफॉर्मकंपनियोंसेमुलाकातकीऔर 10 मिनटकेवादेकोखत्मकरनेकोकहा।कंपनियोंनेसहमतिदी। ब्लिंकिटनेअपनानाराबदला।अन्यकंपनियोंनेभीअनुसरणकिया। छोटीजीतें विरोधकेबादज़ोमैटोनेगिगवर्कर्सकेलिए “रेस्टिंगपॉइंट” शुरूकिए — फोनचार्जकरनेऔरशौचालयउपयोगकेलिए। राजस्थान 2023 मेंगिगवर्कर्स (पंजीकरणएवंकल्याण) अधिनियमपारितकरनेवालापहलाराज्यबना। कर्नाटकने 2024 मेंगिगवर्कर्ससंरक्षणविधेयककेलिएसुझावआमंत्रितकिए। पारस्परिकसहायतासमूहोंकेमाध्यमसे 15,000 बच्चोंकोछात्रवृत्तिमिली। एल्गोरिद्मिकपर्यवेक्षक शेखरनटराजन, जिन्होंनेवॉलमार्टऔरडिज़्नीजैसीकंपनियोंकेलिएसप्लाईचेनसिस्टमबनाए, कहतेहैं: “एल्गोरिद्मवहीकररहाहैजिसकेलिएउसेडिज़ाइनकियागयाहै — गतिकाअनुकूलन।लेकिनइसमेंइंसानकाविचारनहींहै।” यदिसिस्टममेंसंतुलन (समा), सुरक्षा (रक्षा), सत्यऔरन्यायजैसेमूल्यशामिलहोते, तोशायदनतीजेअलगहोते। 10 मिनटडिलीवरीमॉडलमेंनरक्षाथी, नसंतुलन — केवलगतिथी। भारतमें 2020 मेंगिगवर्कर्सकीसंख्या 77 लाखथी। 2029 तकयह 2.35 करोड़होनेकाअनुमानहै।गिगकार्यभारतीयअर्थव्यवस्थामेंसालानाएकअरबडॉलरसेअधिककायोगदानदेताहै। एल्गोरिद्मउन्हेंसातमिनटदेताहै। जबतककिकामगारसंगठितहोकरइसकीमांगनकरें।bolt
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“घटनाकेदिनरिज़वानसक्रियरूपसेस्विगीकेलिएकामनहींकररहेथे।”
कंपनीनेपरिवारसेसंपर्कनहींकिया।
“हमेंसातयाआठमिनटमेंसामानउठाकरपहुंचानेकोकहाजाताहै।ट्रैफिकसिग्नलपरहीएकमिनटनिकलजाताहै।कोहरा, बारिश, गर्मी — सबकुछखतराबढ़ादेताहै।फिरभीदेरहोनेपरहमारीरेटिंगघटादीजातीहै।”
“काममुश्किलहै,” वेकहतेहैं, “लेकिनकोईविकल्पनहीं।”
“हमें 10 किलोमीटरदूरजाकरऑर्डरउठानेऔरफिरलंबीदूरीतयकरनेकोकहाजाताहै।लक्ष्यपूरानहोनेपररेटिंगकाटदीजातीहै।”
तेलंगानागिगएंडप्लेटफॉर्मवर्कर्सयूनियनने 50 लाखरुपयेमुआवजेकीमांगकी।स्विगीने 10 लाखरुपयेबीमाकीपेशकशकी।
• 10 मिनटडिलीवरीजैसेमॉडलकीसमाप्ति
• मनमानेदंडऔरआईडीनिष्क्रियतापररोक
• बुनियादीसामाजिकसुरक्षा
“एल्गोरिद्मिकनियंत्रणनेकामगारोंकोआर्थिकअसुरक्षामेंधकेलदियाहै।”
वहउन्हेंविकल्पनहींदेता।
गरिमानहींदेता।
सुरक्षानहींदेता।













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